Skip to main content

Posts

Showing posts from June 14, 2020

Motivational Story of Friends part-6

हेलो दोस्तो मैं एक बार फिर हाजिर हूँ आप सब के लिए कहानी का आखरी भाग ले कर आया हूँ जिसमे हम जाने की प्रिया के एग्जाम का क्या रिजल्ट आया और पढ़ाई के बाद सब की लाइफ में क्या हुआ   नमस्कार दोस्तों में एक बार फिर मे आपका स्वागत करता हूँ अपनी इस लव स्टोरी पे जहा आपको अनोखी लव स्टोरी पढ़ने को मिलेगी पिछली कहानी में आप सब का बहुत सारा प्यार मिला जिस के लिया आप सब का दिल से धन्यवाद चलो अभ कहानी सुरु करते है  पिछली कहानी में आप सब ने पढ़ा की  सब फिर से  पुराने दोस्त की तरह बन जाते है और सब पार्टी को खुब एन्जॉय  करते है और अपने अपने घरआ जाते है और  कुस दिनों बाद सब अपने एग्जाम देते है और कुस दिनों बाद  एग्जाम के का रिजल्ट आ जाता है और प्रिया और महेश क्लास में टॉप  करते है बाकि सब भी अचे नंबरो से पास हो जाहते है बस सोनू कुस नंबरो से फ़ैल हो जाता है और उधर प्रिय और महेश के कॉलेज में टॉप करने के कारन उन्हें लंदन में आगे पढ़ने के लिया कॉलेज की तरफ से स्कॉलरशिप मिलती है जिस से ये दोनों बहुत खुश होते है लकिन सोनू फ़ैल होने के कारन बहुत दुखी होता है सब अपने अपने घर आ जाते है और प्रिया घर पे आ कर घरवालों को अप

Never Lose Hope

I might end my day  with broken dreams But I alwaysbegin it with Expectations.

Achieving Your Aim

Staying The Same Or Achieving Your Aim        Is On You No Other Needs  To Be Blamed For It

Motivational Story of Friends part-5

हेलो दोस्तों मैं आपका दोस्त एक बार फिर आप सब के लिया कहानी का अगला भाग ले कर आया हूँ   जिसमे हम जाने की कैसे सोनू महेश निशा और प्रिया कि कॉलेज लाइफ लव लाइफ में बदली!    नमस्कार दोस्तों पिछले भाग मे आप सब का बहुत अच्छा साथ मिला उसके लिया आप सब का धन्यवाद् और उम्मीद करता हूँ की आपका साथ और प्यार मिलता रहेगा  चलो इस कहानी का शुरू करते है, पिछले भाग में अपने देखा की NEW YEAR कि PARTY में कैसे महेश प्रिया को दिल की बात कह देता है और  कैसे निशा ये सब देख कर गुस्से में महेश के बदले  सोनू को परपोज़ कर देती है l अब जानते है  निशा के परपोज़ करने के बाद सोनू उसे मन कर देता है और निशा अंदर ही अंदर रोह रही होती है उधर महेश के परपोज़ करने के बाद प्रिया गुस्से में उस पार्टी को छोड़ कर घर चली जाती है उसे जाते देख निशा भी उसे पीछे पीछे घर आ जाती है तोहड़ी देर बाद सोनू और महेश भी घर चले जाते है  NEW YEAR  की पार्टी के बाद सब एक दूसरे बात करना बंद कर देते है और अपनी पढ़ाई में मस्त हो जाते है और दिन रात उदास रहते है एक दिन प्रिया और निशा को क्लास में उदास देख कर निशा की दोस्त मनीषा बोली क्या बात प्रिया तू और नि

Stability

There will be many  to question your ability. Focus on your stability.

Nazariya Bura to Sub Bura

 Nazariya Bura ho to Sab bura hi dekhta hai, Nazariye ki baat hai Ek chor ko Raja bhi chor hi dekhta hai  Waise hi ek Sajjan ko Sab Sajjan hi dekhte hai bhale hi koi dakku kyu na ho Insan logo ko khud ki Nazar se dekhta hai insaan Jaisa wo khud sochta hai Samne wale ko bhi waise hi samjhe lagta hai  bina uske bare me jane use apne jaisa samjh leta hai ish liya kahte hai kud badlo agar Duniya Dadlni Hai                                           चलो मैं आपको एक कहानी सुनाता हूँ एक चोर और संत की               एक गॉव में एक चोर और एक महात्मा थे ,चोर अपनी परिवार के साथ गॉव में रहता था और संत एक पेड़ के निचे  हमेशा भगवान की भक्ति में मस्त रहता था चोर रोज चोरी कर के गॉव में जाते समय संत के पास से हो कर जाता था और संत को कहता था आप इस दुनिया में भी सब को अच्छी नजर से कैसे देखते हो जहा सब चोर है संत चोर की बाते सुन  मुस्कुरा देहते थे, ये चोर को समझ नहीं आती थी और वो चोरी का सामान बेच कर अपने घर का सामान खरीद लेता था और अपने घर आ जाता था उसी सामन से वो अपने परिवार का पेठ पालता था चोरी करने के कार

Motivational Story of Friends

दोस्तों आज मैं एक कहानी लिखने जा रहा हूँ  जो आपको जिंदगी में आगे बढ़ने में सहायता करेगी यह कहानी सच्ची घटना पे आधारित है  जिसे मैं आप सब के लिये लिख रहा हूँ, मैं कोशिश करूँगा एक इस  कहानी में आपको बहुत कुश सिखने को मिलेगा, आपको ये कहानी पढ़ के मजा आएगा  ये कहानी दो दोस्तों की दोस्ती पैर आधारित है    दोस्तों कहानी को शुरू करने से पहले आप से विनती है अगर कहानी लिखने में मुझे से गलती हो जाए तो मुझे कमंट बॉक्स में लिख कर जरूर बताये! चलो दोस्तों  मैं कहानी सुरु करने जा रहा हूँ ये कहानी दो दोस्तों की है जिसमे एक का नाम सोनू और दूसरे दोस्त का नाम महेश था! ये दोस्त कानपूर की बीड़ी  की फैक्ट्री में काम करते है ,सोनू उस फैक्ट्री में सुपरवाइजर की पोस्ट पर काम करता है और महेश वहा पर एक मजदूर है जो बीड़ी की पैकिंग करता है ! सोनू बिहार के छोटे से गॉव का  रहने वाला है सोनू बहुत ही गरीब परिवार से है जिस के घर में एक छोटी बहन और एक छोटा भाई है और घर में उसकी बूढ़ी माँ है  उसके पिता की मौत जब ये 10  का था तो एक रेल बस एक्सीडेंट में हो गयी थी ! सोनू ने 10  साल कि  उम्र से ही अपनी पढ़ाई के साथ साथ काम करने लगा